फर्जी पहचान के साथ जीते कई ओलंपिक्स मेडल, तोड़े ढेरों रिकॉर्ड, सालों बाद अब सच आया सामने | british long distance runner mohd farah brought to uk illegaly also shares his real name | Patrika News

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फर्जी पहचान के साथ जीते कई ओलंपिक्स मेडल, तोड़े ढेरों रिकॉर्ड, सालों बाद अब सच आया सामने | british long distance runner mohd farah brought to uk illegaly also shares his real name | Patrika News

एथलेटिक्स कि दुनिया में मोहम्मद फराह का नाम महान खिलाड़ियों में शुमार है। उन्होंने इंग्लैंड के लिए कई ओलंपिक मेडल जीते हैं। उनके इस प्रदर्शन के लिए मोहम्मद फराह को रानी एलिजाबेथ की ओर से सर (नाइटहुड) की उपाधि से सम्मानित किया गया है। उन्हें अब सर मोहम्मद फराह के नाम से जाना जाता है। लेकिन फराह ने खुलासा किया है कि यह उनका असली नाम नहीं है। उनका असली नाम हुसैन आब्दी काहिन है।

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फराह ने बताया कि एक महिला जिसे वह जानते नहीं थे उन्हें गैर कानूनी तरीके से घरेलू नौकर के तौर पर काम करने के लिए इंग्लैंड लाई थी। वह उनसे अपने घर में बच्चों के काम कराती थी और उन्हें घर पर ही बंद रखती थी।

BBC और रेड बुल्स स्टूडियो की डॉक्यूमेंट्री में फराह ने कहा, कि उनके माता पिता कभी यूके आए ही नहीं। उन्होंने बताया कि उनकी मां और दो भाई सोमालीलैंड में फैमिली फॉर्म में रहते हैं।

दिग्गज एथलीट ने आगे बताया कि उन्हें एक महिला हवाई जहाज से यूके लेकर आ गई। इस महिला ने फ़राह को बताया था कि अब वह उसके रिश्तेदारों के साथ यूरोप में रहेंगे। लेकिन यह झूठ था। इसी यात्रा से पहले फराह का नाम भी बदला गया। ट्रैवल डॉक्यूमेंट में ‘मोहम्मद फ़राह’ के नाम के आगे उनकी फोटो भी लगा दी गई।

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यूके पहुंचने के बाद महिला ने फराह के सभी दस्तावेज़ फाड़ दिये और उन्हें चुप रहने की धमकी दी। महिला ने फराह से कहा कि अगर वे अपने परिवार को देखना चाहते हैं तो चुप रहे। इसके बाद उनकी ज़िंदगी पूरी तरह बादल गई।

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फराह ने बतया कि वे अक्सर मैं खुद को बाथरूम में बंद कर ज़ोर-ज़ोर से रोते थे। फराह ने बताया कि 12 साल की उम्र तक उन्हें स्कूल जाने भी नहीं मिला। स्कूल पहुंचने के बाद उन्होंने एथलेटिक्स ट्रैक पर दौड़ना शुरू किया। उन्होने कहा कि इस परिस्थिति से बचने के लिए वह दौड़ने लगे।

इसके बाद फरहा की फिजिकल एजुकेशन टीचर ने सोशल सर्विस से कॉटैक्ट कर उनके लिए दूसरा सोमाली परिवार ढूंढ़ा था। इस डॉक्यूमेंट्री में फ़राह द्वारा किए गए खुलासों के बाद आशंका जताई जा रही थी कि उनके खिलाफ़ कानूनी एक्शन लिया जाएगा। लेकिन इंग्लैंड के गृह विभाग का कहना है कि सर मो फराह पर कोई कार्रवाई नहीं की जाएगी।

फराह ने यह भी कहा है कि वह इंग्लैंड का प्रतिनिधत्व कर गर्व महसूस किया है, लेकिन उनकी सबसे गौरवशाली उपिलब्धि उनका परिवार और बच्चे हैं। यह खुलासा उन्होंने उनके लिए ही किया है। उन्होंने कहा कि सभी बच्चों को जीवन की शुरुआत आसान नहीं मिलती, लेकिन इसका यह मतलब नहीं की वे अपने सपनों को जी नहीं सकते हैं।





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